Crypto सेक्‍टर में दिखने लगा मंदी का असर! Vauld ने की 30% कर्मचारियों की छंटनी, ज्‍यादातर भारत से


क्रिप्टोकरेंसी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म वॉल्ड (Vauld) ने मार्केट की अनिश्चितता को कारण बताते हुए अपने 30 फीसदी कर्मचारियों की छंटनी की है। कॉइनबेस (Coinbase) द्वारा फंडेड वॉल्ड का मुख्यालय सिंगापुर में है, लेकिन इसके ज्‍यादातर वर्कफोर्स भारत से ऑपरेट होती है। इसका मतलब यह है कि क्रिप्टो इंडस्‍ट्री में चल रही मंदी के बीच इस सेक्‍टर में काम करने वाले भारतीयों को नौकरी छूटनी शुरू हो गई है। वॉल्ड के को-फाउंडर और CEO दर्शन बथिजा ने कहा कि मंदी के शुरुआती संकेतों को नजरअंदाज करते हुए साल 2022 में हायरिंग को जारी रखना एक लापरवाही थी।

CoinMarketCap के अनुसार, इस साल मार्च के आसपास क्रिप्टो सेक्टर का मार्केट कैप 2 ट्रिलियन डॉलर (लगभग 1,56,10,304 करोड़ रुपये) से ज्‍यादा था, जो वर्तमान में 932 अरब डॉलर (लगभग 72,95,882 करोड़ रुपये) है।

टेरा (wired) जैसे क्रिप्टो प्राेजेक्‍ट्स के क्रैश होने के साथ मंदी की आशंकाओं ने हाल के महीनों में क्रिप्टो इंडस्‍ट्री से बड़ी मात्रा में पूंजी को बाहर कर दिया है, जिससे मंदी और अधिक तेज हो गई है। 

एक ब्लॉग पोस्ट में बथिजा ने कहा कि पिछला शुक्रवार वॉल्ड और मेरे लिए सबसे कठिन दिनों में से एक था, क्योंकि हमने अपने कर्मचारियों की संख्या को लगभग 30 फीसदी कम करने का फैसला किया था। यह निर्णय हमने हल्‍के में नहीं लिया, बल्कि आर्थिक मंदी को देखते हुए हमने निष्कर्ष निकाला कि यह एक्‍शन का सही तरीका था। यही नहीं, वॉल्ड के सीनियर अधिकारियों की सैलरी में भी 50 फीसदी की कटौती की जाएगी। 

जिन कर्मचारियों की छंटनी की जा रही है, उन्‍हें कंपनी 2 महीनों की सैलरी और 12 महीने के लिए मेडिकल इंश्‍योरेंस दे रही है। साथ ही उन्हें इस सेक्‍टर में जॉब्‍स खोजने में मदद दी जा रही है। 

चार साल पुराने वॉल्ड ने पिछले साल जुलाई में सीरीज ए फंडिंग राउंड में 25 मिलियन डॉलर (185 करोड़ रुपये) जुटाए थे। उस समय कॉइनबेस भी इसके निवेशकों की सूची में शामिल हो गया था। वॉल्‍ड से पहले इस महीने की शुरुआत में कॉइनबेस ने अपने 18 फीसदी कर्मचारियों की छंटनी की घोषणा की थी। जरूरत से ज्‍यादा हायरिंग की पूरी जिम्मेदारी लेते हुए कॉइनबेस के CEO ब्रायन आर्मस्ट्रांग ने कहा था कि कंपनी ने हाल के महीनों में बहुत से सदस्यों को शामिल किया है, जो अब फर्म की कुशलता में मुश्किल बन रहा है। पिछले हफ्ते Web3 फर्मों- BlockFi और Crypto.com ने भी अपनी-अपनी कंपनियों से छंटनी की घोषणा की है। 

 





Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published.

%d bloggers like this: